हुक्का तो चलेगा जयपुर के रेस्टोरेंट में कथित खुलेआम हुक्का सेवा, पुलिस कार्रवाई पर सवाल

हुक्का तो चलेगा जयपुर के रेस्टोरेंट में कथित खुलेआम हुक्का सेवा, पुलिस कार्रवाई पर सवाल

हुक्का तो चलेगा’: जयपुर के रेस्टोरेंट में कथित खुलेआम हुक्का सेवा, पुलिस कार्रवाई पर सवाल

1 अक्टूबर की रात दो बच्चों के साथ Cayo Kitchen & Bar पहुंची महिला का आरोप- आउटडोर के बाद इंडोर एरिया में भी चल रहा था हुक्का, पुलिस को रात 11:24 बजे दी वीडियो फुटेज; रेस्टोरेंट ने जवाब के लिए किए गए कॉल काटे

जयपुर : राजस्थान में हुक्का बार को लेकर कानूनी रोक के बावजूद जयपुर के श्याम नगर स्थित Cayo Kitchen & Bar में 1 अक्टूबर की देर रात कथित तौर पर खुलेआम हुक्का चलने का मामला सामने आया है। अपने दो बच्चों के साथ रेस्टोरेंट पहुंचीं अंकिता शर्मा ने आरोप लगाया कि आउटडोर और इंडोर दोनों हिस्सों में हुक्का और सिगरेट का इस्तेमाल किया जा रहा था। मामले की शिकायत पुलिस से करने और वीडियो फुटेज उपलब्ध कराने के बाद भी कार्रवाई नहीं होने को लेकर सवाल उठाए गए हैं।

अंकिता शर्मा के मुताबिक, वह 1 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे अपनी दो साल की बेटी और 10 साल के बेटे के साथ रेस्टोरेंट पहुंचीं। शुरुआत में परिवार ने आउटडोर एरिया में बैठने की कोशिश की, लेकिन वहां सिगरेट और हुक्के के धुएं के कारण वह असहज हो गईं। उनका कहना है कि वहां शराब का सेवन भी किया जा रहा था। इसके बाद परिवार इंडोर एरिया में जाकर बैठ गया। हालांकि, शिकायतकर्ता के मुताबिक वहां भी आसपास बैठे लोग हुक्का और सिगरेट का इस्तेमाल कर रहे थे और शराब परोसी जा रही थी।

मैनेजर से कहा- हुक्का बंद कराइए

अंकिता शर्मा ने बताया कि उन्होंने रेस्टोरेंट के मैनेजर से बात कर हुक्का बंद कराने का अनुरोध किया। उन्होंने मैनेजर से कहा कि राजस्थान में हुक्का बार पर कानूनी रोक है और रेस्टोरेंट में इस तरह हुक्का नहीं चलना चाहिए। शिकायतकर्ता के अनुसार, मैनेजर ने हुक्का बंद करने से इनकार करते हुए कथित तौर पर कहा, “हुक्का तो चलेगा। ऐसा कुछ भी नहीं है कि हुक्का बैन है।” इसके बाद अंकिता शर्मा ने मौके की वीडियो रिकॉर्डिंग शुरू कर दी। उनका आरोप है कि वीडियो बनाए जाने के बावजूद कथित हुक्का सेवा बंद नहीं हुई।

राजस्थान में हुक्का बार को लेकर क्या है कानून?

राजस्थान में हुक्का बार को लेकर विशेष कानूनी प्रावधान हैं।

राजस्थान सरकार ने Cigarettes and Other Tobacco Products Act, 2003 यानी COTPA में संशोधन करते हुए Section 4A जोड़ा था। इसके तहत किसी भी स्थान पर, जिसमें eating house भी शामिल है, हुक्का बार खोलने या चलाने पर रोक है।

कानून के तहत अधिकृत पुलिस अधिकारियों को कुछ परिस्थितियों में हुक्का बार में इस्तेमाल होने वाली सामग्री को जब्त करने की शक्ति भी दी गई है। हुक्का बार चलाने पर दंड का भी प्रावधान है।

ऐसे में किसी रेस्टोरेंट में सामान्य smoking area होना अपने आप में हुक्का बार चलाने की अनुमति नहीं माना जा सकता।

1 अक्टूबर की रात भी प्रतिबंधों के बीच हुई घटना

मामला इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि कथित घटना 1 अक्टूबर 2026 की रात हुई, जब जयपुर में होटल, रेस्टोरेंट, बार, पब और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से जुड़े प्रतिबंधात्मक आदेश लागू थे।

जयपुर पुलिस कमिश्नरेट की ओर से समय-समय पर हुक्का बार के संचालन और हुक्के के इस्तेमाल को लेकर आदेश जारी किए गए हैं।

ऐसे में सवाल उठता है कि यदि संबंधित प्रतिबंध लागू थे तो 1 अक्टूबर की रात रेस्टोरेंट में कथित तौर पर हुक्का कैसे चल रहा था और शिकायत मिलने के बाद इसकी जांच किस स्तर पर की गई?

पुलिस को रात 11:24 बजे दी वीडियो फुटेज

अंकिता शर्मा के मुताबिक, उन्होंने घटना के बाद श्याम नगर पुलिस से शिकायत की और मौके की वीडियो फुटेज भी उपलब्ध कराई।

उनका कहना है कि रात करीब 11:24 बजे उन्होंने वीडियो और घटना से जुड़ी जानकारी श्याम नगर थाने से जुड़े कांस्टेबल अनिल कुमार को दी।

शिकायतकर्ता के मुताबिक, वह अपने परिवार के साथ रात करीब 11 बजे से 11:20 बजे तक रेस्टोरेंट में मौजूद थीं और इसी दौरान उन्होंने कथित हुक्का सेवा देखी तथा उसकी वीडियो रिकॉर्डिंग की।

हालांकि, उनके अनुसार बाद में उन्हें बताया गया कि पुलिस टीम को मौके पर कुछ नहीं मिला।

‘अगर मौके पर कुछ नहीं मिला तो वीडियो का क्या हुआ?’

पुलिस के कथित जवाब पर शिकायतकर्ता ने सवाल उठाया है।

उनका कहना है कि यदि पुलिस के पहुंचने से पहले कथित गतिविधि बंद हो गई थी तो उपलब्ध वीडियो फुटेज की जांच की जा सकती थी।

उन्होंने सवाल उठाया कि जब उन्होंने स्वयं कथित हुक्का सेवा देखी, उसका वीडियो बनाया और पुलिस को फुटेज उपलब्ध कराई तो मौके पर कुछ नहीं मिलने के आधार पर मामले को कैसे देखा गया।

अंकिता शर्मा के मुताबिक, इस पूरे घटनाक्रम के कारण परिवार को बिना खाना खाए ही रेस्टोरेंट से निकलना पड़ा।

रेस्टोरेंट से जवाब लेने की कोशिश, कॉल काटे गए

मामले पर Cayo Kitchen & Bar का पक्ष जानने के लिए न्यूज़ टीम ने रेस्टोरेंट से संपर्क करने की कोशिश की।

रेस्टोरेंट को कई बार फोन किया गया, लेकिन फोन उठाने वाले व्यक्ति ने कॉल काट दी। खबर लिखे जाने तक रेस्टोरेंट की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी।

श्याम नगर पुलिस से भी शिकायत, वीडियो फुटेज और मौके पर कथित तौर पर कुछ नहीं मिलने के संबंध में आधिकारिक प्रतिक्रिया मांगी जानी बाकी है।

रेस्टोरेंट या पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया प्राप्त होती है तो उसे खबर में शामिल किया जाएगा।

मामला सिर्फ एक रेस्टोरेंट तक सीमित नहीं

यह मामला सिर्फ एक रेस्टोरेंट में कथित हुक्का सेवा का नहीं है। यह सवाल भी उठाता है कि प्रतिबंधों के बावजूद यदि किसी व्यावसायिक प्रतिष्ठान में ऐसी गतिविधि की शिकायत की जाती है और शिकायतकर्ता वीडियो फुटेज भी उपलब्ध कराता है तो संबंधित एजेंसियां उस शिकायत की जांच किस तरह करती हैं।

खासकर तब जब शिकायतकर्ता का कहना है कि वह अपने दो छोटे बच्चों के साथ मौके पर मौजूद थी और कथित धुएं तथा माहौल के कारण परिवार को रेस्टोरेंट छोड़ना पड़ा।

अब सवाल यह है कि 1 अक्टूबर की रात Cayo Kitchen & Bar में वास्तव में क्या हुआ था, शिकायत के बाद पुलिस ने क्या जांच की और उपलब्ध वीडियो फुटेज का सत्यापन किस तरह किया गया?

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