ओमिक्रॉन 1 स्थित सुपरटेक ज़ार के रेजिडेंट्स ने रविवार को वहाँ की मेंटेनेंस एजेंसी वाई जी एस्टेट द्वारा पिछले 6 महीने में जबरन दो बार मेंटेनेंस चार्जेस बढ़ाने के विरोध में प्रदर्शन किया ।
वाई जी एस्टेट हाल ही में दिवालिया घोषित सुपरटेक ग्रुप की ही एजेंसी है जो पिछले 10 से अधिक वर्षों से सुपरटेक के ज्यादातर विवादित प्रोजेक्ट्स का मेंटेनेंस संभालती है । 
एओए अध्यक्ष श्री संजीव चौधरी जी ने मीडिया को बताया कि मेंटेनेंस एजेंसी ने ६ माह पहले ही मेंटेनेंस चार्ज में 65 पैसे प्रति वर्ग फीट की दर से वृद्धि की गई थी जो कि उनका एकतरफा फैसला था । बड़े हुए कैम चार्जेज से सोसाइटी में कोई भी सामूहिक विकास कार्य ना करके कुछ लोगों के निजी लाभ पहुचाते हुए वाई जी एस्टेट ने अतिरिक्त फंड्स का इस्तेमाल अपनी वित्तीय स्थिति को सुधारने में किया ।
पुरानी वृद्धि का व्योरा दिए बिना ही मेंटेनेस एजेंसी ने 10 मई से दोबारा 80 पैसे की वृद्धि का नोटिस बिना एओए की जानकारी के जारी किया जिससे सभी रेजिडेंट्स आक्रोशित है सोसाइटी की लंबे समय से असुरक्षित लिफ्ट्स, ख़राब कॉमन एरिया, टावर पेंटिंग, लचर सिक्योरिटी और बेसमेंट लीकेज की समस्याएँ जैसी की तैसी ही हैं l
रेजिडेंट्स ने बताया मेंटेनेंस एजेंसी ने काफ़ी सालों से NPCL का बिजली बिल और पानी का बिल भी काफ़ी दिनों से नहीं चुकाया है १००-१५० रेजिडेंट्स ने सोसाइटी के अंदर एकत्रित होकर जमकर नारेबाजी की और बाद में एक जुलूस भी निकाला सुपरटेक ज़ार का मेंटेनेंस हैंडओवर का केस कोर्ट में न्यायाधीन है और जल्दी ही उसका फैसला आने की उम्मीद है ।
