ग्रेटर नॉएडा वेस्ट स्थित अजनारा होम्स के निवासियों को अब थोड़ी राहत की सांस मिली है जब इस सोसाइटी के दो टावरों ओ और एन की रजिस्ट्री विगत लगभग पांच वर्षों से ग्रेटर नॉएडा प्राधिकरण और बिल्डर की रस्साकसी के बीच लटकी हुई थी
ऐसे में इन दो टावर के लोग नेफोमा के मुख्य सलाहकार दीपक दूबे के नेतृत्व में उच्च न्यायलय में गए जहाँ न्यायालय ने 90 में इनकी मांगो को पूरा करने का निर्देश दिया
दीपक दूबे ने कहा कि ग्रेटर नोएडा वेस्ट खरीदारों के लिए मुसीबत बन चुका है क्योंकि जिस बात के लिए बायर्स जिम्मेदार नहीं वो बात कहकर प्राधिकरण टाल मटोल कर रहा है कि बिल्डर पैसा जमा नहीं कर रहा, क्या बिल्डर से प्राधिकरण को भुगतान कराने की जिम्मेदारी खरीददारों की है? घर खरीदने वालों से बिल्डर पूरा पैसा ले चुका है तो ऐसे में रजिस्ट्री ना होने के लिए बायर्स कैसे जिम्मेदार हैं , ऐसे में कोर्ट के अलावा लोगों के पास कोई विकल्प ही नहीं बच रहा।
सोसाइटी निवासी आदित्य अग्रवाल बताया कि जिस दिन सुनवाई थी उस दिन हमने अखंड ज्योत जलाई थी क्योंकि कोर्ट ही अंतिम आसरा बचा था लेकिन कोर्ट से हम लोग निराश नहीं हुए बल्कि दिशा निर्देश मिल गया और अब उम्मीद है कि रजिस्ट्री जल्द होगी ।
नेफोमा अध्यक्ष अन्नू खान ने कहा कि इस तरह की समस्या से ग्रेटर नॉएडा वेस्ट की कई सोसाइटी गुजर रही है जहाँ बिल्डर प्राधिकरण के बीच खिंच तान से रजिस्ट्री बाधित हो रही है और हम लोग इस तरह की समस्या के समाधान को अंतिम रूप देने का प्रयास कर रहे हैं
न्यायलय से निर्देश पाने के बाद सोसाइटी निवासियों में बहुत उल्लास है और लोगों ने एक दुसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी ,
इस अवसर पर सुबोध सिंह, आलोक कुमार, चितरंजन साहू, रूपम सिंह, धीरेन्द्र सिंहा इत्यादि उपस्थित थे
